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Posted by Surinder Verma on Wednesday, June 17, 2020

यूएई के जब्त शिप में बंधक 9 भारतीय छोड़े गए, अभी भी 21 भारतीय रूहानी शासन की गिरफ्त में

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  • ईरान समुद्री सीमा उल्लंघन का आरोप लगाकर अब तक दो जहाजों को अपने कब्जे में ले चुका है
  • इसमें एक जहाज संयुक्त अरब अमीरात का एमटी रिया और एक शिप ब्रिटेन का स्टेना इमपारो है
  • एमटी रिया में सवार 12 भारतीय हिरासत में लिए गए थे, वहीं स्टेना इमपारो में 18 भारतीय थे

Dainik Bhaskar

Jul 26, 2019, 09:49 AM IST

तेहरान. ईरान ने गुरुवार को संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के जब्त शिप एमटी रिया से हिरासत में लिए गए 9 भारतीयों को रिहा कर दिया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, अभी कुल 21 भारतीय ईरान में ही बंदी हैं। ईरान ने इस महीने की शुरुआत में अपनी समुद्री सीमा का उल्लंघन करने के आरोप में यूएई के एमटी रिया को जब्त किया था, इसमें कुल 12 भारतीय सवार थे। इसके बाद उसने ब्रिटेन के स्टेना इमपारो तेल टैंकर को होरमुज की खाड़ी से पकड़ा था। इसमें भी 18 भारतीय क्रू सदस्य थे। यानी कुल 30 भारतीय ईरान की गिरफ्त में थे।

भारत इन दोनों जहाजों के जब्त होने के बाद से ही ईरान के उच्चाधिकारियों के साथ संपर्क में है। गुरुवार को ही ईरान ने भारतीय दूतावास को स्टेना इमपारो से हिरासत में लिए गए 18 नागरिकों का कॉन्स्युलर एक्सेस दे दिया। विदेश राज्यमंत्री वी मुरलीधर ने कहा कि सभी भारतीय सुरक्षित हैं। हम उनके जल्द रिहाई की कोशिश में जुटे हैं। 

ब्रिटेन में भी बंदी है 24 भारतीय
इससे पहले ब्रिटेन ने स्पेन के तटीय इलाके से ईरान का शिप ‘ग्रेस 1’ जब्त किया था। इसमें 24 भारतीय क्रू सवार थे। विदेश मंत्रालय के मुताबिक, भारतीय उच्चायुक्तों की एक टीम ग्रेस 1 में सवार हिरासत में लिए गए सभी नागरिकों से मिल चुके हैं। उन्हें अपने परिवार से बात करने की छूट भी दी गई है, जिससे उन्हें किसी से कोई डर नहीं है।

ईरान ने अमेरिका के जासूसी ड्रोन को मार गिराया था
पिछले महीने ओमान की खाड़ी में दो तेल टैंकरों में विस्फोट और ईरान के अमेरिकी खुफिया ड्रोन को मार गिराने के बाद से दोनों देशों के बीच तनाव है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इसके बाद अमेरिका ने ईरान के मिसाइल कंट्रोल सिस्टम और जासूसी नेटवर्क पर कई बार साइबर हमले किए थे। हाल ही में अमेरिकी युद्धपोत ने एक ईरानी ड्रोन भी मार गिराया था। इसे लेकर दोनों देशों के बीच विवाद जारी हैं।