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Posted by Surinder Verma on Wednesday, June 17, 2020

श्री अनूप सरीन, समाजसेवी एवं संस्थापक, भारतीय सांस्कृतिक ज्ञान ने आज श्री चैतन्य टैक्नो स्कूल, सैक्टर 44बी

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श्री अनूप सरीन, समाजसेवी एवं संस्थापक, भारतीय सांस्कृतिक ज्ञान ने आज श्री चैतन्य टैक्नो स्कूल, सैक्टर 44बी, चण्डीगढ़ में आयोजित नशा-मुक्त भारत अभियान एवं राइज़िंग इण्डिया सम्भाषण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि, श्री एस. के. अग्रवाल, प्रेसीडेंट, डिस्ट्रिक्ट कंज़्यूमर कमीशन, मोहाली एवं डा. अशोक कुमर अत्री, प्रोफेसर एवं पूर्व निदेशक-प्रधानाचार्य – जी.एम.सी.एच.32, चण्डीगढ़ तथा विशिष्ट अतिथि श्री अन्जनी कुमार राय, असिस्टैंट प्रोफेसर, जी.जी.डी.एस.डी. कालेज, सैक्टर 32, चण्डीगढ़ का हार्दिक स्वागत किया।

श्री एस. के. अग्रवाल, प्रेसीडेंट, डिस्ट्रिक्ट कंज़्यूमर कमीशन, मोहाली ने अपने संदेश में बच्चों को कहा कि नशा दीमक की तरह खोखला कर देता है। नशा नाश का दूसरा नाम है और युवा वायु बनकर नशे की लत को उड़ा दें और समाज के अच्छे व्यक्तियों को आगे आकर नशा-मुक्त भारत बनाने में सकारात्मक योगदान दें।

इस अवसर पर डा. अशोक कुमर अत्री, प्रोफेसर एवं पूर्व निदेशक-प्रधानाचार्य – जी.एम.सी.एच.32, चण्डीगढ़, ने कहा कि बच्चे अपना ख्याल रखें, अपने कैरियर पर ध्यान दें और नशीली दवाओं को सख्ती से ना कहें। उन्होंने कहा कि सभी विद्यार्थियों को कुछ न कुछ ऐसे शौक जरूर अपनाने चाहिए जो उन्हें अपने जीवन में संतुलन बनाए रखने और बुरी आदतों से बचने में मदद करें।

श्री अन्जनी कुमार राय, असिस्टैंट प्रोफेसर, जी.जी.डी.एस.डी. कालेज, सैक्टर 32, चण्डीगढ़ ने राइज़िंग इण्डिया सम्भाषण में कहा कि आज भारत एक सबसे तेज़ विकास करने वाला देश है, जिसकी अर्थव्यवस्था विकसित देशों से भी अधिक तीव्र गति से आगे बढ़ रही है। युवा शक्ति भारत का भविष्य है और हम सब को मिलकर भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र का निर्माण करने में सकारात्मक भूमिका निभानी है। उन्होंने कहा कि यह “सम्भावनाओं और आकांक्षाओं से उपलब्धियों” का स्वर्णिम काल है।

श्री अनूप सरीन, समाजसेवी एवं संस्थापक, भारतीय सांस्कृतिक ज्ञान ने सभी बच्चों को “नशामुक्त भारत” बनाने का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि छात्रों को अपने माता-पिता के साथ-साथ शिक्षकों का भी सम्मान करना चाहिए और बदले में उन्हें निश्चित रूप से लंबे समय में अपने जीवन में सब कुछ मिलेगा।

श्री विकास कुमार, ऐकेडेमिक डीन, ने श्री चैतन्य टैक्नो स्कूल, सैक्टर 44बी, चण्डीगढ़; श्री के. गिरीश, प्रिंसिपल एवं रीजनल इंचार्ज, श्री बानिश ढडवाल की ओर से आये हुए अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापन किया।

इस अवसर पर भारतीय सांस्कृतिक ज्ञान से डा. देविन्दर पाल सहगल; विशव गुप्ता; राजेश कुमार; नरेश कुमार गोयल; आर.आर.पास्सी; डा. अनिल; शकुन्तला; विद्या सचदेवा; प्रीति वर्मा; विनोद कुमार; रजनी साभरवाल; मीना चड्ढा; रेनु; कमलेश शर्मा; तरसेम; ओम प्रकाश मेहरा; निशांत एवं बीरबल की प्रेरणादायक उपस्थिति रही।